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9/16/2012 10:30:00 AM
ganesh-chaturthi1
9/15/2012 2:13:00 PM

On the auspicious Afternoon of Bhadrapad Shukla Chaturthi, Bhagawan Shri Ganapati was born.Thus on this day, He should be accordingly worshipped and after doing aarti,
|| Aum Gam Ganapataye Namah ||
this mantra should be chanted calmly on this auspicious day as much as one can.

Ganesh Vandna

.. श्रीगणेशस्तोत्र ..

श्रीगणेशाय नमः . नारद उवाच .

प्रणम्य शिरसा देवं गौरीपुत्रं विनायकम् |
भक्तावासं स्मरेनित्यं आयुःकामार्थसिद्धये ||

प्रथमं वक्रतुण्डं च एकदन्तं द्वितीयकम् |
तृतीयं कृष्णपिङ्गाक्षं गजवक्त्रं चतुर्थकम् ||

लम्बोदरं पञ्चमं च षष्ठं विकटमेव च |
सप्तमं विघ्नराजेन्द्रं धूम्रवर्णं तथाष्टमम् || 

         

नवमं भालचन्द्रं च दशमं तु विनायकम् |
एकादशं गणपतिं द्वादशं तु गजाननम्  ||

द्वादशैतानि नामानि त्रिसंध्यं यः पठेन्नरः |
न च विघ्नभयं तस्य सर्वसिद्धिकरः प्रभुः ||

विद्यार्थी लभते विद्यां धनार्थी लभते धनम् |
पुत्रार्थी लभते पुत्रान्मोक्षार्थी लभते गतिम् ||

जपेद्गणपतिस्तोत्रं षड्भिर्मासैः फलं लभेत् |
संवत्सरेण सिद्धिं च लभते नात्र संशयः ||


अष्टेभ्यो ब्राह्मणेभ्यश्च लिखित्वा यः समर्पयेत् |
तस्य विद्या भवेत्सर्वा गणेशस्य प्रसादतः ||

     

 

अनिच्छा से चन्द्रदर्शन हो जाये तो ....

इस वर्ष गणेश चतुर्थी के दिन चंद्रास्त (Upto 9:28 P.M): इस समय तक चन्द्रदर्शन निषिद्ध है |

 

अनिच्छा से चन्द्रदर्शन हो जाये तो ....
यदि कोई मनुष्य अनिच्छा से भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की गणेश चतुर्थी के चन्द्रमा को देख ले तो उसे निम्न मंत्र से पवित्र किया हुआ जल पीना चाहिए । ऐसा करने से वह तत्काल शुद्ध हो भूतल पर निष्कलंक बना रहता है । जल को पवित्र करने का मंत्र इस प्रकार है:
सिहः प्रसेनमवधीत सिंहो जाम्बवता हतः ।
सुकुमारक मा रोदीस्तव ह्येष स्यमन्तकः ॥

  "सुंदर सलोने कुमार! इस मणि के लिए सिंह ने प्रसेन को मारा है और जाम्बवान ने उस सिंह का संहार किया है, अतः तुम रोओ मत । अब इस स्यमन्तक मणि पर तुम्हारा ही अधिकार है ।"
- ब्रह्मवैवर्त पुराण, अध्याय ७८
चौथ के चन्द्रदर्शन से कलंक लगता है | इस मंत्र-प्रयोग अथवा उपरोक्त कथा के वचन या श्रवण से उसका प्रभाव कम हो जाता है | 

If someone unintentionally catch sight of the moon in Bhadra month’s Shukal Paksha’s Chaturthi  i.e. on the eve of “GANESH CHATURTHI”, then he/she should drink water after enchanting the following mantra . On doing this he/she instantaneously becomes pious with the sacred water and lives without any blame or culpability on the earth.
  “Sinha prasenmavadheet sinho jambavataa hatah.
Sukumarak ma rodeestav hyesh syamantakah.”

i.e.  “ Beautiful and smart youngster! For this MANI(precious stone) Sinha(lion) has killed PRASEN and Jambawat  has killed the lion. SO you do not lament. Now you own this MANI.
(Brahmvaivarta Puran, Lesson-78) 

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